एयरटेल ने भारत की 5जी क्षमता से लैस पहली टैक्नोलॉजी Massive MIMO लगाने की घोषणा की

0
130
  • नई टैक्नोलॉजी इसकी मौजूदा नेटवर्क क्षमता में 5 से 7 गुना बढ़ोतरी करेगी, तेज रफ्तार डेटा और बेहतर ग्राहक अनुभव सुनिश्चित करने में मिलेगी मदद
  • Massive MIMO का इस्तेमाल करने वाले दुनिया के चुनींदा देषों में शामिल हुआ भारत, देश में दूरसंचार के क्षेत्र में जबर्दस्त प्रगति
  • एयरटेल के ग्राहकों को अब अपने मौजूदा 4जी मोबाइल डिवाइसों पर बिना अपग्रेड या प्लान बदलवाए ही मिलेगा तेज रफ्तार डेटा स्पीड का लाभ
  • बेंगलुरु तथा कोलकाता से शुरूआत कर एयरटेल ने देश के अन्य भागों में टैक्नोलॉजी को ले जाने की योजना बनायी

लखनऊ : भारत के सबसे बड़े दूरसंचार सेवा प्रदाता भारती एयरटेल ¼“Airtel”½ ने भारत में पहली बार अत्याधुनिक मैसिव मल्टीपल-इनपुट मल्टीपल-आउटपुट (MIMO) टैक्नोलॉजी लगाने की घोषणा की है जो 5जी नेटवर्कों के लिए प्रमुख आधार है। अपने नेटवर्क को Massive MIMO बनाने के साथ ही एयरटेल के इस कदम से भारत आज दुनिया के उन चुनींदा देशों में शामिल हो चुका है जो इस टैक्नोलॉजी का इस्तेमाल कर डिजिटल क्रांति को आगे ले जा रहे हैं। एयरटेल ने सबसे पहले बेंगलुरु और कोलकाता में इसकी शुरूआत की है जहां से जल्द ही देश के अन्य भागों में भी इसे पहुंचाने की योजना है।

एयरटेल के मौजूदा नेटवर्क ट्रांसफॉर्मेशन प्रोग्राम – प्रोजेक्ट लीप के तहत्, Massive MIMO टैक्नोलॉजी मौजूदा स्पैक्ट्रम का इस्तेमाल कर नेटवर्क की वर्तमान क्षमता को पांच से सात गुना तक बढ़ाएगी और इस तरह स्पैक्ट्रल एफिशिएंसी को बेहतर बनाएगी। ग्राहकों को मौजूदा 4जी नेटवर्क पर ही दो से तीन गुना अधिक सुपरफास्ट स्पीड का लाभ मिलेगा। डेटा स्पीड भी बेहतर होगी जिससे इंडोर, भीड़-भाड़ वाली जगहों और बहुमंजिला इमारतों में भी यूज़र अनुभव में सुधार आएगा। इसके चलते, मल्टीपल यूज़र्स को बिना किसी कन्जेशन के मल्टीपल डिवाइसेज़ पर काम करने की सुविधा मिलेगी और खासतौर से हॉटस्पॉट लोकेशंस पर उनके अनुभव पहले से बेहतर होंगे।

Massive MIMO आने वाले दौर में टैक्नोलॉजी के मोर्चे पर क्रांति रचने के लिए मजबूत आधार है। यह प्री-5ली टैक्नोलॉजी है जो भारत में डिजिटल क्रांति और डेटा विस्फोट के चलते पैदा होने वाली भारी मांग को पूरा करने के लिहाज से नेटवर्क को तैयार करेगी। ग्राहक बिना किसी अपग्रेड या प्लान बदलवाए हुए ही अपने मौजूदा 4जी मोबाइल डिवाइसों पर तेज रफ्तार डेटा स्पीड का आनंद ले सकते हैं। डेंपअम डप्डव् वास्तव में, ग्रीन टैक्नोलॉजी है जो कार्बन फुटप्रिंट कम करने में मददगार है।

अभय सावरगांवकर, डायरेक्टर – नेटवर्क्स, भारती एयरटेल ने कहा, ’’भारत तेजी से डेटा विस्तार की तरफ बढ़ रहा है।Massive MIMO टैक्नोलॉजी अपने कवरेज फुटप्रिंट के दायरे में स्थित यूज़र्स के लिए हॉरिज़ॉन्टल और वर्टिकल प्लेंस पर 3क् बीम्स उपलब्ध कराती है। इससे कवरेज में सुधार होता है और अलग-अलग बीम्स पर भी हस्तक्षेप भी कम होगा, जिसके परिणामस्वरूप सिग्नल क्वालिटी में सुधार आएगा। इस तरह, मौजूदा रिसोर्स ब्लॉक पर ही बेहतर सिग्नल क्वालिटी मिलने से यूज़र अनुभव, सैल क्षमता और स्पैक्ट्रम एफिषिएंसी में सुधार होता है।

एयरटेल ने हाल में कोरियाई दूरसंचार सेवा प्रदाता एस के टेलीकॉम के साथ भी एक महत्वपूर्ण भागीदारी की घोॉाणा की है जो भारत में इसे सर्वाधिक उन्नत दूरसंचार नेटवर्क तैयार करने में मददगार साबित होगी। इस भागीदारी के तहत्, एयरटेल और एसकेटी मिलकर भारतीय संदर्भ में, 5जी के उन्नत मानक, नेटवर्क फंक्षंस वर्चुलाइज़ेषन (NFV) सॉफ्टवेयर-डिफाइंड नेटवर्किंग (SDN) और इंटरनेट ऑफ थिंग्स के लिए परस्पर सहयोगपूर्वक काम करेंगे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here